अयोध्या बार बहिष्कार: SC ने कहा, 'दुष्टों' को भी है वकील का अधिकार
⚡ ⚡ त्वरित सारांश
सुप्रीम कोर्ट का 2010 का एक फैसला, संविधान के अनुच्छेद 22(1) को संदर्भित करता है, जो कहता है कि किसी गिरफ्तार व्यक्ति को 'उसकी पसंद के कानूनी व्यवसायी से परामर्श करने और उसका बचाव करने के अधिकार से वंचित नहीं किया जाना चाहिए'