'भूल गए कि कैसे जीना है': बुढ़ापा रोधी दर्शन पर टेक करोड़पति ब्रायन जॉनसन
⚡ ⚡ त्वरित सारांश
ब्रायन जॉनसन का तर्क है कि सामाजिक अनुष्ठान मृत्यु की चिंता और भय को छिपा देते हैं। उनका मानना है कि फास्ट फूड और शराब पीने से पूर्ण जीवन नहीं जिया जा सकता। जॉनसन का प्रस्ताव है कि उनका सख्त शासन पतन से विकासवादी जेलब्रेक है। वह कल्पित मानवीय अनुभवों से परे एक उच्च-रिज़ॉल्यूशन वाली चेतना चाहता है। जॉनसन दूसरों को विस्तारित जीवन शक्ति की अपनी खोज में शामिल होने के लिए आमंत्रित करता है।