सुप्रीम कोर्ट ने फिर से "पोस्को के अवैध प्रेषण" को मान्यता दी... निचली अदालत के फैसले की पुष्टि की गई
⚡ ⚡ त्वरित सारांश
28 जुलाई, 2022 को, जब पोस्को के अवैध डिस्पैच पर सुप्रीम कोर्ट के अंतिम फैसले की घोषणा की गई, तो मेटल वर्कर्स यूनियन की पोस्को इन-हाउस सब-कॉन्ट्रैक्टिंग शाखा के सदस्य सियोचो-गु, सियोल में सुप्रीम कोर्ट के सामने एक प्रेस कॉन्फ्रेंस कर रहे हैं और खुशी का आनंद ले रहे हैं। रिपोर्टर जेवॉन मून सुप्रीम कोर्ट ने फिर से फैसला सुनाया कि पोस्को को सीधे इन-हाउस उपठेकेदार श्रमिकों को नियुक्त करना होगा। उनका कहना है कि पॉस्को की इन-हाउस उपठेकेदारी 'अवैध प्रेषण' है। सुप्रीम कोर्ट 2022 से इसी आशय का फैसला सुनाएगा।