"लंबे समय में उसने खुद को और अधिक दूर कर लिया और अधिक से अधिक कट्टरपंथी बन गया।"
⚡ ⚡ त्वरित सारांश
शोंगाऊ के एक हाई स्कूल में 16 साल के बच्चे पर चाकू से हमले के बाद अब चरमपंथी मकसद का संदेह है। लेखक क्रिस्टोफ़ लेमर कहते हैं, "स्कूल का अहिंसक होने का दावा लगभग शानदार और दुखद रूप से विफल रहा है।"