पहले पति को तलाक दिए बिना महिला दूसरे पुरुष से भरण-पोषण का दावा नहीं कर सकती: हाई कोर्ट
⚡ ⚡ त्वरित सारांश
इलाहाबाद उच्च न्यायालय ने संतोष कुमार के खिलाफ एक महिला के भरण-पोषण के दावे को खारिज कर दिया। वह अपने पहले पति शारदा प्रसाद को तलाक दिए बिना ही संतोष के साथ रहने लगी थी। अदालत ने उनकी स्वयं की स्वीकारोक्ति पर गौर किया कि कोई हिंदू विवाह संस्कार नहीं किया गया था। हालाँकि, डीएनए रिपोर्ट के आधार पर उनकी बेटी के भरण-पोषण को बरकरार रखा गया था। कोर्ट के फैसले से संतोष कुमार की याचिका आंशिक रूप से मंजूर हो गई.