इंडिया इंक ने तेज, लचीले धन उगाहने के लिए गैर-सूचीबद्ध बांडों को अपनाया
⚡ ⚡ त्वरित सारांश
असूचीबद्ध बांड अब कॉर्पोरेट ऋण बिक्री का एक बड़ा हिस्सा हैं। बजाज फाइनेंस और वेदांता जैसी कंपनियां कम खुलासे के लिए इन सौदों को प्राथमिकता देती हैं। बाज़ार के आंकड़ों से पता चलता है कि मई में जारी किए गए शेयरों में असूचीबद्ध ऋण का हिस्सा चालीस प्रतिशत था। जुलाई के लिए कई बड़ी गैर-सूचीबद्ध उधारी की भी योजना बनाई गई है। यह प्रवृत्ति कॉर्पोरेट वित्तपोषण रणनीतियों में रणनीतिक बदलाव को दर्शाती है।