सऊदी अरब ने 26 वर्षों में कच्चे तेल की कीमत में सबसे बड़ी कटौती की
⚡ ⚡ त्वरित सारांश
सऊदी अरब ने कच्चे तेल की कीमतों में उल्लेखनीय कमी की, जो उत्पादकों के बीच तीव्र प्रतिस्पर्धा को दर्शाता है। फारस की खाड़ी के प्रमुख देश अपने तेल उत्पादन में वृद्धि कर रहे हैं, युद्ध-पूर्व निर्यात स्तर को बहाल कर रहे हैं। यह कदम ओपेक+ सहयोगियों के अगस्त के लिए उत्पादन लक्ष्य को और बढ़ाने पर सहमति के साथ मेल खाता है। तेल की कम कीमतें और आपूर्ति बढ़ने से भारतीय रिफाइनर्स को फायदा होगा और सरकारी सब्सिडी का बोझ कम होगा। भारतीय कंपनियों के लिए ऊर्जा लागत कम होने से मुद्रास्फीति को नियंत्रित करने और उपभोक्ता खर्च को समर्थन देने में मदद मिलेगी।