गठबंधन पैकेज: सुधार की थकान का मिथक
⚡ ⚡ त्वरित सारांश
अर्थशास्त्री लंबे समय से मानते रहे हैं कि जर्मनी जैसे अमीर देश समय के साथ सुस्त हो जाते हैं और उनमें सुधार करना मुश्किल हो जाता है। लेकिन ये बिल्कुल भी सच नहीं है.