समझाया: पिछले 10 वर्षों में भारत का बांड बाजार कैसे अधिक सुलभ हो गया
⚡ ⚡ त्वरित सारांश
नियामक सुधारों, डिजिटल प्लेटफॉर्म और बढ़ती खुदरा भागीदारी के कारण पिछले एक दशक में भारत का बांड बाजार काफी बढ़ गया है। हालांकि बाजार की गहराई और नवाचार में सुधार हुआ है, विशेषज्ञों का कहना है कि मजबूत तरलता, उच्च विदेशी निवेश और व्यापक कम-रेटेड ऋण भागीदारी प्रमुख विकास प्राथमिकताएं बनी हुई हैं।