Fall Twisha – Ehemann Samarth und Schwiegermutter Giribala vor Gericht: Untersuchungshaft für beide endet heute; CBI hat gestern ein Spiel gemacht
भोपाल के ट्विशा शर्मा डेथ केस में आज (2 जून) सास गिरिबाला सिंह और पति समर्थ की सीबीआई रिमांड खत्म हो रही है। दोनों को सीबीआई ने प्रथम श्रेणी न्यायिक मजिस्ट्रेट शोभना भालवी की कोर्ट में पेश किया है। मामले की जांच के दौरान आरोपी समर्थ और उसकी मां, पूर्व जज गिरिबाला सिंह ने अपने ऊपर लगे मारपीट और सबूतों से छेड़छाड़ के आरोपों को खारिज किया है। दोनों का कहना है कि ट्विशा के साथ उनके संबंध सामान्य थे। सीबीआई दोनों के बयानों का उपलब्ध सबूतों से मिलान कर रही है। सोमवार दोपहर पूरे घटनाक्रम का रीक्रिएशन भी कराया गया। जब्त सबूतों की जांच जारी है। दोनों की रिमांड मंगलवार को खत्म हो रही है और उन्हें कोर्ट में पेश किया जा सकता है। लापरवाही बरतने वाले एसआई को भी तलब करेगी सीबीआई जांच के दौरान एक गंभीर लापरवाही सामने आई है। जिस लिगेचर बेल्ट के सहारे ट्विशा फंदे पर लटकी मिली थीं, उसे घटना के बाद नियमानुसार सुरक्षित नहीं किया गया। जांच में पता चला है कि घटनास्थल से बरामद लिगेचर बेल्ट को फोरेंसिक प्रक्रिया के तहत तुरंत जमा कराने के बजाय जांच अधिकारी सब इंस्पेक्टर दिनेश शर्मा करीब दो दिन तक अपनी कार में रखे रहे। बाद में सवाल उठने पर इसे फोरेंसिक साइंस लेबोरेटरी (एफएसएल) भेजा गया। पोस्टमार्टम के दौरान भी यह बेल्ट एम्स अस्पताल में जमा नहीं कराई गई थी। अधिकारियों ने अब तक दिनेश शर्मा के खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं की है, लेकिन सीबीआई उन्हें पूछताछ के लिए नोटिस जारी करने की तैयारी में है। इसके अलावा मामले से जुड़े अन्य लोगों को भी पूछताछ के लिए तलब किया जा सकता है। लिगेचर बेल्ट जिससे बढ़ा था हत्या का संदेह ट्विशा के परिजनों ने शुरुआत से ही मौत को संदिग्ध बताते हुए हत्या की आशंका जताई थी। उनका कहना था कि यदि यह आत्महत्या का मामला था, तो फंदे में इस्तेमाल हुई बेल्ट को सुरक्षित क्यों नहीं रखा गया और जांच का हिस्सा क्यों नहीं बनाया गया। बाद में जब सामने आया कि बेल्ट पुलिस अधिकारी के कब्जे में थी और कुछ समय तक उनकी कार में रखी रही, तो इस पूरे घटनाक्रम को गंभीरता से लिया गया। इसी वजह से मामले में हत्या की आशंका और गहरी हुई। नौकरी और आर्थिक परेशानियों की भी जांच जांच में यह भी सामने आया है कि ट्विशा शर्मा जिस कंपनी में काम कर रही थीं, वहां से उन्हें पिछले छह-सात महीनों से नियमित वेतन नहीं मिला था। जांच एजेंसियां यह पता लगाने की कोशिश कर रही हैं कि क्या आर्थिक तनाव, व्यक्तिगत संबंधों में विवाद या अन्य परिस्थितियों का उनकी मानसिक स्थिति पर कोई असर पड़ा था। केस से जुड़ी ये खबरें भी पढ़ें… ट्विशा केस- CBI ने 80kg की डमी फंदे पर लटकाई:सास-पति के सामने सीन रीक्रिएट, अबॉर्शन की सलाह देने वाली डॉक्टर से पूछताछ होगी ट्विशा केस-CBI के सवालों से घबराईं पूर्व जज गिरिबाला सिंह:एंग्जाइटी-घबराहट की शिकायत की; सीसीटीवी, बॉडी पर चोटों के निशान को लेकर जवाब तलब ट्विशा केस- गिरिबाला बोलीं-गलती हुई…मां-बेटे बताएंगे फांसी से कैसे उतारा:CBI पूछेगी- गिरफ्तारी से क्यों डरीं, कसूर नहीं तो बेटा फरार क्यों हुआ ट्विशा केस- गिरफ्तार रिटायर्ड जज का आखिरी फैसला सुर्खियों में:फैज कुरैशी हत्याकांड में आरोपी बरी; कोर्ट ने कहा-FSL रिपोर्ट से संलिप्तता साबित नहीं हुई ट्विशा केस-सास और पति 5 दिन की CBI रिमांड पर:आमने-सामने बैठाकर पूछताछ होगी; एक्ट्रेस के आखिरी घंटों का वर्चुअल रीक्रिएशन करेंगे शादी में रिश्तेदारों ने कहा था-घर की जज ट्विशा होगी:सोशल मीडिया पर सामने आया वेडिंग ट्रेलर, समर्थ से मजाक करती दिखीं