तृणमूल कांग्रेस में अंदरूनी कलेश बढ़ गया है। पार्टी से निकाले गए विधायक संदीपन साहा और ऋतब्रत बनर्जी सोमवार को देर शाम MLA हॉस्टल पहुंचे। जहां दोनों ने TMC के कई विधायकों के साथ मीटिंग की। मीडिया रिपोर्ट्स में दावा किया जा रहा है कि ममता बनर्जी के वफादार विधायक इस बैठक में शामिल हुए। इनमें से कई विधायक मालदा-मुर्शिदाबाद क्षेत्र के हैं। TMC के निलंबित नेता रिजू दत्ता ने दावा किया है कि पार्टी के 80 में से 50 से ज्यादा विधायक खुद को असली तृणमूल बताने की तैयारी कर रहे हैं। असंतुष्ट गुट शोभनदेब चट्टोपाध्याय को नेता प्रतिपक्ष बनाने से नाराज है। साहा और बनर्जी ने आरोप लगाया है कि विधानसभा अध्यक्ष को भेजे गए प्रस्ताव में उनके फर्जी साइन थे। फर्जी साइन का पूरा मामला 5 पॉइंट में समझें…. पार्टी से निकाले जाने पर संदीपन बोले- कोई पछतावा नहीं पार्टी से निकाले जाने के बाद संदीपन साहा ने कहा कि पार्टी में नैतिकता की बात करना ही एंटी-पार्टी गतिविधि माना जाता है। जब उनसे पूछा गया कि क्या वे किसी दूसरी पार्टी में शामिल होंगे, तो उन्होंने कहा- नहीं, ऐसा कुछ नहीं है। मैं इसके बारे में क्यों सोचूंगा। कांग्रेस बोली- ममता ने जो बोया है वही काट रहीं कांग्रेस नेता उदित राज ने TMC में चल रही उथल-पुथल को लेकर कहा है कि ममता ने जो बोया है वही काट रही हैं। असलियत यह है कि उनके पास विरोध प्रदर्शन करने के लिए लोग ही नहीं हैं। मुझे नहीं लगता TMC आगे जिंदा रह पाएगी। बात बहुत दूर तक जा चुकी है। TMC के कार्यकर्ताओं में बहुत असंतोष है। ममता को अब 'INDIA' गठबंधन को मजबूत करने के बारे में सोचना चाहिए। ------------------------ बंगाल की राजनीति से जुड़ी ये खबर भी पढ़ें… ममता का दावा- TMC विधायकों पर भाजपा जॉइन करने का दबाव, पुलिस उन्हें डरा-धमका रही पूर्व मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने सोमवार को फेसबुक पर वीडियो मैसेज जारी कर भाजपा और पुलिस पर गंभीर आरोप लगाए। उन्होंने कहा कि पुलिस TMC विधायकों पर पार्टी छोड़कर भाजपा में शामिल होने का दबाव बना रही है। ममता ने दावा किया कि कुछ विधायकों और सांसदों को डराने-धमकाने या रिश्वत देकर TMC को कमजोर करने की कोशिश की जा रही है। पढ़ें पूरी खबर…