Правительство запросило у CBSE отчет о тендере OSM: утверждение Рахула заключалось в том, что конкретный поставщик получил выгоду от тендера; Существует вероятность взлома портала переоценки.
📖 Источник статьи — 🇮🇳 ХиндиCBSE ने छात्रों की आंसरशीट बदले जाने और कम नंबर के विवाद में एक्शन लेना शुरू कर दिया है। शिक्षा मंत्रालय ने कोएम्प्ट (COEMPT) को टेंडर देने को लेकर बोर्ड से रिपोर्ट मांगी है। मीडिया रिपोर्ट्स में दावा किया गया है कि शिक्षा मंत्रालय ने दोषी अधिकारियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की सिफारिश का मन बना लिया है। हालांकि, CBSE अधिकारियों ने गड़बड़ी के आरोपों से इनकार किया और कहा है कि टेंडर सामान्य वित्तीय नियमों और सरकारी खरीद प्रक्रियाओं के अनुसार ही दिया गया था। CBSE ने यह ठेका 5 दिसंबर को कोएम्प्ट एडुटेक को दिया गया था। यानी 17 फरवरी को पहली बोर्ड परीक्षा शुरू होने से ठीक 74 दिन पहले। राहुल गांधी भी लगातार बोर्ड और शिक्षा मंत्री पर हमलावर हैं। एक दिन पहले ही उन्होंने आरोप लगाया था कि OSM के लिए टेंडर प्रक्रिया से किसी खास वेंडर को फायदा पहुंचाया गया। पोर्टल आज से फिर चालू, कल दिनभर नहीं खुला बोर्ड की रीवैल्युएशन साइट सोमवार देर शाम तक नहीं खुल सकी। इससे लाखों छात्र परेशान हुए। बोर्ड की तरफ से दिनभर यही कहा गया कि ‘पोर्टल विल गो लाइव सून’। बोर्ड से जुड़े सूत्रों के मुताबिक, पोर्टल पर लगातार ‘अनॉथराइज इंटरफियरेंस’ जारी है यानी हैकिंग की कोशिशें की जा रही हैं। हालांकि, मंगलवार को बोर्ड ने घोषणा की कि 12वीं कक्षा के छात्रों के लिए उसका बहुप्रतीक्षित वेरिफिकेशन और रीवैल्युएशन पोर्टल अब लाइव हो गया है। अभी तक क्या-क्या हुआ….
CBSE-ओएसएम में गड़बड़ी के व्हिसल ब्लोअर कौन हैं सार्थक: रांची के 17 साल के सार्थक सिद्धांत टेक रिसर्चर हैं। उन्होंने भी परीक्षा दी थी। उन्होंने एक आम छात्र से आगे बढ़कर एक खोजी पत्रकार/डेटा साइंटिस्ट की तरह काम किया। सीबीएसई की तरफ से जारी पिछले 576 दस्तावेजों का बारीकी से अध्ययन और तुलना कर टेंडर में गड़बड़ी का खुलासा किया। कौन हैं वेदांत: दिल्ली के वेदांत श्रीवास्तव ने भी 12वीं की परीक्षा दी थी। फिजिक्स में 65 नंबर मिले तो उन्होंने आवाज उठाई। रीवैल्युएशन में कॉपी मिली तो गड़बड़ी का पता चला। पहले उन्हें सोशल मीडिया पर ट्रोल किया गया। ट्रोलर्स ने उन्हें देशद्रोही तक कहा, बाद में बोर्ड ने गलती मानी और माफी मांगी। COEMPT पर तेलंगाना बोर्ड एग्जाम में गड़बड़ी के आरोप COEMPT एडुटेक तेलंगाना के हैदराबाद की कंपनी है। ये फर्म तेलंगाना, कर्नाटक और पश्चिम बंगाल जैसे राज्यों में डिजिटल इवैल्युएशन का काम करती है। 2019 में इसका नाम ग्लोबरेना टेक्नोलॉजीज प्राइवेट लिमिटेड था। तब इस पर तेलंगाना में 12वीं के बोर्ड एग्जाम में डेटा प्रोसेसिंग में गड़बड़ी के आरोप लगे थे। उस साल राज्य में 9.74 लाख में से 3 लाख से ज्यादा बच्चे फेल हो गए थे। यूथ कांग्रेस देशव्यापी विरोध प्रदर्शन तेज करेगा इंडियन यूथ कांग्रेस ने परीक्षाओं में अनियमितताओं को लेकर अपने देशव्यापी आंदोलन को तेज करने की योजना की घोषणा की है। कांग्रेस का यूथ विंग केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान को हटाने की अपनी मांग कर रही है। विरोध प्रदर्शनों में मशाल जुलूस, छात्र संपर्क कार्यक्रम, प्रदर्शन और घेराव शामिल होंगे। इस अभियान में महाराष्ट्र, तेलंगाना, असम, हरियाणा, मध्य प्रदेश, झारखंड, राजस्थान, छत्तीसगढ़, गुजरात, पंजाब और तमिलनाडु सहित अन्य राज्य शामिल होंगे। हालांकि, इसकी तय तारीख के बारे में नहीं बताया है। ------------------------- ये खबर भी पढ़ें… कॉकरोच जनता पार्टी के फाउंडर 6 जून को भारत लौटेंगे: शिक्षा मंत्री के इस्तीफे को लेकर जंतर-मंतर पर प्रदर्शन करेंगे कॉकरोच जनता पार्टी के संस्थापक अभिजीत दिपके 6 जून को भारत लौटेंगे। इसके बाद वे दिल्ली के जंतर-मंतर पर प्रदर्शन करेंगे। इस प्रदर्शन में वे शिक्षा मंत्री के इस्तीफे की मांग करेंगे। दिपके ने इसकी जानकारी अपने X अकाउंट ‘कॉकरोच इज बैक’ पर दी है। कॉकरोच जनता पार्टी एक सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म है, जो भारत के चीफ जस्टिस सूर्यकांत की हालिया कॉकरोच टिप्पणी के बाद सामने आया। पढ़ें पूरी खबर…
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