レポート - 2030 年までに 22% の仕事が AI の影響を受けるでしょう。40% の企業は学位と AI 人材を優先します。中国は12000度を終了し、AIコースを開始しました
देश में आईटी, कानून, वाणिज्य, अनुवाद, डिजाइन और पुस्तकालय विज्ञान जैसे क्षेत्रों में बड़ा उलटफेर शुरू हो चुका है। AI के टूल्स ने उन कामों को या तो खत्म कर दिया है या बेहद सिकोड़ दिया है, जिनके लिए लाखों छात्र हर साल डिग्रियां लेते हैं। टीमलीज जैसी बड़ी एचआर कंपनी का कहना है कि 40% कंपनियां ‘हाइब्रिड स्किल’ यानी डिग्री के साथ AI टूल्स की जानकारी को अनिवार्य मानती हैं। नैस्कॉम की 2024 की रिपोर्ट कहती है कि देश में 82% बीसीए और एमसीए स्नातकों को AI टूल्स की औपचारिक ट्रेनिंग नहीं है। वर्ल्ड इकोनॉमिक फोरम की रिपोर्ट के अनुसार, नौकरियां उन लोगों के पास रहेंगी जो AI टूल का उपयोग करके उत्पादकता 40% तक बढ़ा सकते हैं। आईबीएम इंस्टीट्यूट फॉर बिजनेस वैल्यू की रिपोर्ट कहती है कि AI लोगों की जगह नहीं लेगा, पर जो AI का उपयोग करते हैं, वे उनकी जगह ले लेंगे जो ऐसा नहीं करते। ‘फ्यूचर ऑफ जॉब्स रिपोर्ट 2025’ के अनुसार, 2030 तक 22% नौकरियां प्रभावित हो सकती हैं। इधर, चीन ने 2021 और 2025 के बीच अपने विश्वविद्यालयों ने 12,200 से अधिक स्नातक (अंडरग्रेजुएट) कार्यक्रमों को रद्द या निलंबित कर दिया, जबकि लगभग 10,200 नए कार्यक्रम शुरू किए। एक्सपर्ट बोले- तरीका नहीं बदला तो डिग्रियों की कोई वैल्यू नहीं रहेगी दैनिक भास्कर ने टेक कंपनी ‘पीपुलस्ट्रॉन्ग’ और ‘टैग्ड’ के सह-संस्थापक और एचआर पंकज बंसल से AI के असर पर चर्चा की और उनके 10 सवाल किए, जिन्हें उन्होंने जवाब दिए हैं। चीन ने 12 हजार डिग्रियां खत्म कीं, AI कोर्स शुरू चीन ने 2021 और 2025 के बीच अपने विश्वविद्यालयों ने 12,200 से अधिक स्नातक (अंडरग्रेजुएट) कार्यक्रमों को रद्द या निलंबित कर दिया, जबकि लगभग 10,200 नए कार्यक्रम शुरू किए। इनमें से कई कटौतियां कला, मानविकी, विदेशी भाषाओं और प्रबंधन में केंद्रित थीं, क्योंकि चीन सरकार विश्वविद्यालयों पर AI, सेमीकंडक्टर्स, रोबोटिक्स और अन्य रणनीतिक उद्योगों के लिए प्रतिभाएं तैयार करने का दबाव बना रही है। भारत में कर्नाटक सरकार ने 1300 कोर्स की सीटें घटाईं भारत में फिलहाल कर्नाटक सरकार ने कम दाखिले और अन्य कारकों का हवाला देते हुए शैक्षणिक 2026-27 के लिए सरकारी कॉलेजों में 458 बीए, बीएससी, बीकॉम कार्यक्रम संयोजनों (कॉम्बिनेशन्स) को बंद कर दिया है। 1,300+ कोर्स में सीटें घटाईं। ……………..