अमेरिका के आगे बढ़ने के पीछे भारत की एलपीजी या रसोई गैस की तलाश है, जबकि ऊर्जा ने भी इस अवधि के दौरान ब्राजील से आयात को 2.8 गुना बढ़ाकर 2.7 बिलियन डॉलर तक पहुंचाने में मदद की। वाणिज्य विभाग के नवीनतम आंकड़ों से पता चलता है कि पेरू से भी शिपमेंट 3.7 गुना अधिक यानी 2 बिलियन डॉलर से अधिक था। दक्षिण अमेरिकी राष्ट्र अब 20वां सबसे बड़ा आयात स्रोत है, जबकि अप्रैल-मई 2025 में यह 35वें स्थान पर था।