यह नागरिक सुरक्षा में 10,000 मिलियन यूरो तक का निवेश करेगा। इसका उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि प्रत्येक नागरिक को पता हो कि आपात स्थिति में कहाँ शरण लेनी है।