किश - इन दिनों किश के बाजार में बेलगाम महंगाई एक निश्चित औचित्य के साथ है: "परिवहन की लागत में वृद्धि", लेकिन क्षेत्र सर्वेक्षण और ट्रॉली चालकों के साथ बातचीत से एक और कहानी सामने आती है।