मनोचिकित्सक रेइनहार्ड हॉलर का कहना है कि वाणीहीनता धीरे-धीरे दो लोगों को नष्ट कर सकती है। आख़िरकार असमंजस में पड़े लोग फिर से शब्द कैसे ढूंढ लेते हैं?