Une employée du TCS se suicide à Pune : 2 collègues féminines accusées de harcèlement et de pression pour qu'elles quittent leur emploi ; Affaire enregistrée sur plainte du fils
पुणे में TCS के एक कर्मचारी ने आत्महत्या कर ली। सुसाइड नोट में उन्होंने दो महिला सहकर्मियों पर प्रताड़ित करने और नौकरी छोड़ने का दबाव बनाने का आरोप लगाया है। बेटे की शिकायत पर पुलिस ने दोनों महिलाओं समेत तीन लोगों के खिलाफ केस दर्ज किया है। मृतक की पहचान 48 साल के अमित ब्रह्मे के रूप में हुई है। वह TCS के हिंजेवाड़ी ऑफिस में काम करते थे। 2 जून को उन्होंने भोसरी स्थित अपने घर में फांसी लगाकर जान दे दी थी। पुलिस के मुताबिक, अमित ने सुसाइड नोट में सहकर्मी अर्चना और शाश्वती का नाम लिखा है। नोट में आरोप लगाया कि दोनों उन्हें बार-बार सहकर्मियों के सामने अपमानित करती थीं। पसंद के प्रोजेक्ट नहीं देती थीं। उनकी एक्सपर्टिज से बाहर के काम सौंपती थीं। दोस्त पर बदनाम करने का आरोप अमित ने सुसाइड नोट में अपने दोस्त विनोद पलिचा का भी नाम लिया है। विनोद ने कंपनी को उनके खिलाफ कथित तौर पर बदनाम करने वाले ईमेल भेजे थे। अमित के बेटे की शिकायत पर पिंपरी-चिंचवड़ के भोसरी थाने में मामला दर्ज किया गया है। पुलिस ने तीनों आरोपियों के खिलाफ आत्महत्या के लिए उकसाने का केस दर्ज किया है। फिलहाल किसी की गिरफ्तारी नहीं हुई है। TCS बोली- जांच की जा रही है TCS ने कहा कि वह मृतक के परिवार को हरसंभव सहयोग दे रही है। कंपनी ने दोनों कर्मचारियों के खिलाफ लगे आरोपों को संज्ञान में लिया है और उनकी जांच की जा रही है। वहीं, आईटी कर्मचारियों के संगठन NITES ने महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस को पत्र लिखकर मामले की जांच की मांग की है। TCS से जुड़ा पिछला विवाद इससे पहले मार्च में नासिक स्थित TCS ऑफिस में महिला कर्मचारियों ने धर्म परिवर्तन के लिए दबाव, मानसिक प्रताड़ना और यौन उत्पीड़न के आरोप लगाए थे। मामले में अब तक 9 FIR दर्ज हो चुकी हैं। 8 आरोपियों की गिरफ्तारी हुई है। 22 मई को SIT ने 1,500 पेज की चार्जशीट दाखिल की। जांच में आरोप है कि कुछ कर्मचारियों ने महिला सहकर्मियों को धार्मिक वीडियो दिखाए, नमाज सिखाई और धर्म परिवर्तन के लिए दबाव बनाया। TCS ने मामले में आरोपों का सामना कर रहे कर्मचारियों को सस्पेंड कर आंतरिक जांच शुरू की थी। -------------- ये खबर भी पढ़ें… TCS केस की पीड़ित बोली- पाकिस्तानी मौलवियों के वीडियो दिखाए:कहा- भजन सुनना और मंदिर जाना बंद करो, अल्लाह सारे गुनाह माफ कर देंगे महाराष्ट्र के नासिक में टाटा कंसल्टेंसी सर्विसेस (TCS) ऑफिस में यौन उत्पीड़न और जबरन धर्मांतरण मामले की चार्जशीट में नए खुलासे हुए हैं। चार्जशीट के मुताबिक आरोपियों ने सोची-समझी साजिश के तहत पीड़ितों को निशाना बनाया। एक पीड़ित ने पुलिस को बताया कि उसे पाकिस्तानी इस्लामिक मौलवी तारिक जमील और जाकिर नाइक के वीडियो दिखाए जाते थे। पूरी खबर पढ़ें…