⚠️ Sem conexão
🏠 Início 🏆 Copa 2026 local Internacional Oriente Médio Esporte Notícias Copa do Mundo Tecnologia Economia Saúde Cultura Sociedade Meio Ambiente
Projeto de 3 túneis aprovado na rota Manali-Leh: Será construído a um custo de Rs 15.550 crore; A conectividade rodoviária para Ladakh será restaurada ao longo do ano.

Projeto de 3 túneis aprovado na rota Manali-Leh: Será construído a um custo de Rs 15.550 crore; A conectividade rodoviária para Ladakh será restaurada ao longo do ano.

Internacional 12/06/2026 Dainik Bhaskar 👁 22
⚡ Resumo rápido

केंद्र सरकार ने मनाली-लेह सामरिक मार्ग को पूरे साल बहाल रखने के लिए तीन टनल प्रोजेक्ट को मंजूरी दी है। इन तीन टनल का निर्माण 15 हजार 550 करोड़ रुपए की लागत से होगा। प्रस्तावित सुरंगें हिमाचल के बारालाचा, लाचुंगला और लद्दाख के तंगलंग ला दर्रों के नीचे निर्मित की जाएंगी। केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी ने इसकी जानकारी देते हुए बताया कि इन सुरंगों के निर्माण से लद्दाख को पूरे वर्ष सड़क संपर्क उपलब्ध होगा, यात्रा समय में कमी आएगी और सीमावर्ती क्षेत्रों में सेना की आवाजाही तथा रसद आपूर्ति को अभूतपूर्व मजबूती मिलेगी। सामरिक दृष्टि से तीनों प्रोजेक्ट महत्वपूर्ण है। इन परियोजनाओं का मुख्य उद्देश्य जम्मू-कश्मीर और लद्दाख में चीन तथा पाकिस्तान से लगती सीमाओं पर सामरिक तैयारियों को और मजबूत करना है। अटल टनल, जोजिला टनल और प्रस्तावित शिंकुला टनल के बाद यह परियोजना क्षेत्रीय कनेक्टिविटी को नए आयाम देगी। बारालाचा दर्रे के नीचे 13 किलोमीटर लंबी सुरंग परियोजना के तहत बारालाचा दर्रे के नीचे लगभग 13 किलोमीटर लंबी सुरंग का निर्माण किया जाएगा। इसकी अनुमानित लागत 8 हजार 800 करोड़ रुपए है। परियोजना की विस्तृत रिपोर्ट (डीपीआर) अक्टूबर 2026 तक तैयार होने की संभावना है। लाचुंगला में बनेगी 11 किलोमीटर लंबी सुरंग लाचुंगला दर्रे के नीचे लगभग 11 किलोमीटर लंबी सुरंग प्रस्तावित है, जिसकी अनुमानित लागत 4,500 करोड़ रुपये आंकी गई है। इस परियोजना की डीपीआर दिसंबर 2026 तक पूरी होने की उम्मीद है। तंगलंग ला में 2250 करोड़ रुपये होंगे खर्च लद्दाख के तंगलंग ला दर्रे के नीचे लगभग पांच किलोमीटर लंबी सुरंग का निर्माण किया जाएगा। इस परियोजना पर 2,250 करोड़ रुपये खर्च होने का अनुमान है। इसकी डीपीआर मार्च 2027 तक तैयार होने की संभावना है। वर्षभर खुला रहेगा मनाली-लेह मार्ग गौरतलब है कि मनाली-लेह राष्ट्रीय राजमार्ग पर स्थित बारालाचा, लाचुलुंग ला और तंगलंग ला जैसे ऊंचे दर्रे भारी बर्फबारी और प्रतिकूल मौसम के कारण वर्ष के कई महीनों तक बंद रहते हैं। इन दर्रों के नीचे बनने वाली सुरंगें न केवल मौसमजनित बाधाओं को समाप्त करेंगी, बल्कि मनाली और लेह के बीच की दूरी को लगभग 50 किलोमीटर तक कम करेंगी। इसके साथ ही यात्रा समय में भी उल्लेखनीय कमी आएगी। विशेषज्ञों के अनुसार, इन सुरंगों के निर्माण से सामरिक दृष्टि से संवेदनशील लद्दाख क्षेत्र तक हर मौसम में निर्बाध पहुंच सुनिश्चित होगी, जिससे सेना की त्वरित तैनाती और आपूर्ति व्यवस्था पहले की तुलना में अधिक प्रभावी बन सकेगी।

📖 Fonte do artigo — 🇮🇳 Hindi ← Voltar

🔖 Salvos