पार्षद और उनके सहयोगी पर बीएनएस की कई धाराओं के तहत मामला दर्ज किया गया था, जिसमें जबरन वसूली, आपराधिक अतिक्रमण, आपराधिक धमकी, आगजनी का प्रयास और अन्य गंभीर अपराध शामिल थे।