विधानमंडलों में बार-बार होने वाला व्यवधान लोकतांत्रिक संस्थाओं के लिए गंभीर चुनौती है: ओम बिरला
📖 लेख स्रोत — 🇬🇧 अंग्रेज़ीश्री बिड़ला ने सांसदों, विधायकों से जनता की अपेक्षाओं के अनुरूप विधानमंडलों में अनुकरणीय आचरण सुनिश्चित करने का आग्रह किया; उनका कहना है कि विकसित भारत का सपना मजबूत संसदीय और विधायी संस्थानों में निहित है
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